कश्मीर का हो गया था फैसला और भारत को मिलने वाला था लाहौर! फिर काइयां काक को गांधी ने क्यों कराया नजरबंद
कश्मीर का हो गया था फैसला और भारत को मिलने वाला था लाहौर! फिर काइयां काक को गांधी ने क्यों कराया नजरबंद
कश्मीर का फैसला लगभग हो चुका था. लेकिन पाकिस्तान के साथ लॉर्ड माउंटबेटन और जम्मू-कश्मीर के प्रधानमंत्री रामचंद्र काक ने अपनी हरकते नहीं छोड़ी थीं. सभी मिलकर महाराज हरि सिंह को इस बात के लिए राजी करना चाहते थे कि वह जम्मू-कश्मीर का विलय पाकिस्तान में कर दें. लेकिन अचानक सभी के मंसूबों पर पानी फिर गया. काक को प्रधानमंत्री के पद से बर्खास्त तो किया ही गया, उन्हें उनके ही घर में नजरबंद कर दिया गया. वहीं, भारत में लाहौर के शामिल होने की क्या थी बात, जानने के लिए पूरी खबर.