अयोध्‍या याद है पर लाहौर और कसूर भूल गए पंजाब-बंगाल की हिंसा मत भूलिए पर माता हिंगलाज को तो याद रखिए

India-Pakistan Partition Horror: 1947 में जब देश बंटा था तो उससे पहले किसी को अंदाजा नहीं था कि धरती इस कदर रक्‍त रंजित हो जाएगी. एक पूरी की पूरी पीढ़ी को इसका भुगतान करना पड़ेगा. इसका दर्द अभी भी पाकिस्‍तान से पलायन कर भारत आने वाले हिन्‍दुओं के दिल में है. पंजाब और बंगाल की हिंसा के बारे में तो हम सब जानते हैं, लेकिन सिंध और बलूचिस्‍तान से आने वाले हिन्‍दुओं का क्‍या? क्‍या उन्‍होंने विभाजन की विभीषिका नहीं झेली?

अयोध्‍या याद है पर लाहौर और कसूर भूल गए पंजाब-बंगाल की हिंसा मत भूलिए पर माता हिंगलाज को तो याद रखिए