कुमाऊं का अनोखा त्योहार घी नहीं खाया तो अगले जन्म में बनेंगे घोंघा जानें घ्यू त्यार का महत्व
कुमाऊं का अनोखा त्योहार घी नहीं खाया तो अगले जन्म में बनेंगे घोंघा जानें घ्यू त्यार का महत्व
कुमाऊं अंचल में मनाया जाने वाला घ्यू त्यार भी ऐसा ही लोकपर्व है, जिसमें आस्था के साथ खान-पान, कृषि और सामाजिक परंपराओं का खूबसूरत मेल देखने को मिलता है. सिंह संक्रांति के अवसर पर मनाया जाने वाला यह पर्व इस बार 17 अगस्त सोमवार को मनाया जा रहा है. इस दिन घी खाना शुभ ही नहीं, बल्कि परंपरा का जरूरी हिस्सा माना जाता है. इससे जुड़ी लोकमान्यता तो और भी दिलचस्प है, “ये दिन घ्यू नि खलात, अघिल जनम में बनला गनेल” यानी इस दिन घी नहीं खाया तो अगले जन्म में घोंघा बनने की मान्यता है.