2006 की बाढ़ ने बदली जिंदगी अब विंड मैन बनकर हवा से जला रहे हजारों घरों के चिराग
Success Story: बाड़मेर के सीमावर्ती सांखली गांव के डूंगर सिंह ने बचपन में बिजली की कमी और अंधेरे का दर्द झेला था. 2006 की भीषण बाढ़ के दौरान महीनों तक घी के दीयों की रोशनी में गुजरी रातों ने उन्हें कुछ बड़ा करने की प्रेरणा दी. आज वे गुजरात में अपनी कंपनी के जरिए 1 किलोवाट से 1 मेगावाट तक के विंड टरबाइन बनाकर हवा से बिजली तैयार कर रहे हैं. किसानों के लिए कम लागत वाले टरबाइन भी विकसित किए गए हैं. साथ ही उनकी टीम प्लास्टिक कचरे और पुराने कपड़ों से बिजली बनाने की तकनीक पर भी शोध कर रही है.