आंखों में डिसेबिलिटी बहन ने पढ़कर सुनाई किताबे भाई ने चार बार एमपीपीएससी किया क्लियर अब बने डिप्टी कलेक्टर
आंखों में डिसेबिलिटी बहन ने पढ़कर सुनाई किताबे भाई ने चार बार एमपीपीएससी किया क्लियर अब बने डिप्टी कलेक्टर
सागर के 36 वर्षीय रजत सोनी ने अपनी मेहनत और दृढ़ संकल्प से सफलता की प्रेरणादायक मिसाल पेश की है. आंखों की दिव्यांगता के बावजूद उन्होंने छह बार एमपीपीएससी परीक्षा दी, छह बार मुख्य परीक्षा और पांच बार इंटरव्यू तक पहुंचे. इस दौरान उनका चयन लैब टेक्नीशियन, नायब तहसीलदार, असिस्टेंट कमिश्नर और अंततः डिप्टी कलेक्टर के पद पर हुआ. वर्तमान में वे सागर कलेक्ट्रेट में पदस्थ हैं और कई विभागों की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं. तैयारी के दौरान उनकी बड़ी बहन दीपमाला और बाद में पत्नी वैजयंती सोनी ने नोट्स पढ़कर सुनाने में महत्वपूर्ण सहयोग दिया. लगातार प्रयास, परिवार के समर्थन और हार न मानने के जज्बे ने उन्हें डिप्टी कलेक्टर बनने का सपना पूरा करने में सफल बनाया.