1857 की लड़ाई में रानी लक्ष्मीबाई ने रानी महल से झांसी किले तक पहुंचकर शुरू की आजादी की लड़ाई जानें

झांसी का किला उस समय सबसे मजबूत जगह माना जाता था. ऊंचाई पर बने इस किले से पूरे इलाके पर नजर रखी जा सकती थी. किले में पहुंचने के बाद रानी लक्ष्मीबाई ने अपने भरोसेमंद लोगों, सैनिकों और साथियों के साथ मिलकर आगे की तैयारी शुरू की.. सेना को फिर से तैयार किया गया. हथियार जुटाए गए, किले की सुरक्षा और मजबूत की गई. आसपास के इलाकों से भी लोगों का साथ मिलने लगा. कई गांवों के लोग और पुराने सैनिक रानी की सेना में शामिल हो गए. महिलाओं ने भी इस लड़ाई में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया. रानी ने साफ कर दिया था कि झांसी को बिना लड़े किसी भी कीमत पर नहीं छोड़ा जाएगा.

1857 की लड़ाई में रानी लक्ष्मीबाई ने रानी महल से झांसी किले तक पहुंचकर शुरू की आजादी की लड़ाई जानें