सावन में पालक-चौलाई से लेकर दूध तक क्यों छोड़ देते हैं लोग पुरानी परंपरा के पीछे छिपी है हैरान करने वाली वजह

सावन में खानपान को लेकर कई तरह की धार्मिक और पारंपरिक मान्यताएं हैं. इस महीने में साग, दही, दूध, बैंगन, प्याज और लहसुन से परहेज करने की सलाह दी जाती है. महंत कामेश्वरानंद वेदांताचार्य के अनुसार इन परंपराओं के पीछे धार्मिक मान्यताओं के साथ बारिश के मौसम से जुड़ी वजहें भी बताई जाती हैं. सावन में ताजा, साफ और हल्का सात्विक भोजन करने की सलाह दी जाती है.

सावन में पालक-चौलाई से लेकर दूध तक क्यों छोड़ देते हैं लोग पुरानी परंपरा के पीछे छिपी है हैरान करने वाली वजह