15 जुलाई से शुरू हो रही गुप्त नवरात्रि जानें साधना मंत्र जाप और पूजा का महत्व बाधाओं से मिलेगी मुक्ति

अयोध्या के ज्योतिषाचार्य पंडित कल्कि राम ने बताया कि एक वर्ष में कुल चार नवरात्रि आती हैं. इनमें दो नवरात्रि चैत्र और शारदीय सामान्य रूप से मनाई जाती हैं, जबकि आषाढ़ और माघ मास की नवरात्रि गुप्त नवरात्रि कहलाती है. गुप्त नवरात्रि मुख्य रूप से साधना, तंत्र उपासना और विशेष मंत्र सिद्धि के लिए महत्वपूर्ण मानी जाती है. यदि इन नौ दिनों में श्रद्धा और नियमपूर्वक पूजा-पाठ किया जाए तो जीवन की अनेक बाधाओं से मुक्ति मिलने की मान्यता है.

15 जुलाई से शुरू हो रही गुप्त नवरात्रि जानें साधना मंत्र जाप और पूजा का महत्व बाधाओं से मिलेगी मुक्ति