नक्सल प्रभावित बालाघाट को नई पहचान देकर विदा हुए कलेक्टर मृणाल मीना 2 साल में विकास और विश्वास की बदली तस्वीर

बालाघाट जिले को लेकर हमेशा से यह धारणा रही है कि यह पिछड़ा हुआ और नक्सल प्रभावित जिला है. ऐसे में कई अफसर यहां पर ज्वाइनिंग लेने से कतराते थे. मृणाल मीना कहते हैं कि मैं कभी ऐसी बालाघाट के लिए ऐसी कोई धारणा नहीं बनाई थी. बिना किसी धारणा के बालाघाट आया था. शायद यहीं सही अपरोच रहती है. मुझे यह पता था कि यह शांति पूर्ण इलाका है. नक्सलवाद जरूर एक समस्या रही है

नक्सल प्रभावित बालाघाट को नई पहचान देकर विदा हुए कलेक्टर मृणाल मीना 2 साल में विकास और विश्वास की बदली तस्वीर