CJP प्रोटेस्ट के बीच सरकार के संकटममोचक कैसे बन गए JP नड्डा सड़क से संसद तक संभाला मोर्चा

CJP प्रोटेस्ट और सोनम वांगचुक के 26 दिन लंबे अनशन के दौरान केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा सरकार के सबसे बड़े संकटमोचक बनकर उभरे हैं. प्रदर्शनकारियों से बातचीत, घायल छात्रों से मुलाकात, मेदांता अस्पताल में सोनम वांगचुक से दो दौर की वार्ता और सरकार की ओर से भरोसा दिलाने तक नड्डा ने पूरे घटनाक्रम में अहम भूमिका निभाई. हालांकि, धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग पर सरकार ने क्या आश्वासन दिया, इसका खुलासा अभी नहीं हुआ है.

CJP प्रोटेस्ट के बीच सरकार के संकटममोचक कैसे बन गए JP नड्डा सड़क से संसद तक संभाला मोर्चा