जहां परिवार लेकर आते बेटा-बेटी और लौटते रिश्ते तय करके! जानिए हारना मेले की कहानी
जहां परिवार लेकर आते बेटा-बेटी और लौटते रिश्ते तय करके! जानिए हारना मेले की कहानी
Harna mela jharkhand : झारखंड के पूर्वी सिंहभूम जिले के पोटका प्रखंड में लगने वाला हारना मेला राज्य की सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत का अनोखा उदाहरण है. करीब सात दिनों तक चलने वाले इस मेले में झारखंड समेत पड़ोसी राज्यों से लाखों लोग पहुंचते हैं. श्रद्धालु सबसे पहले बाबा भोलेनाथ के मंदिर में जल अर्पित कर पूजा करते हैं, फिर मेले का आनंद लेते हैं. यहां खेती-किसानी के औजार, घरेलू सामान, कपड़े, श्रृंगार सामग्री और बच्चों के खिलौनों की जमकर खरीदारी होती है. हारना मेले की खास पहचान इसकी सामाजिक परंपरा भी है, जहां पहले परिवार वैवाहिक रिश्तों की तलाश के लिए मिलते थे. आज भी यह मेला आस्था, संस्कृति और ग्रामीण जीवन का बड़ा केंद्र बना हुआ है.